

मनरेगा, सीसी निर्माण समेत पंचायत के विभिन्न कार्यों को लेकर ग्रामीणों ने की थी शिकायत, अधिकारियों ने अभिलेखों के साथ मौके पर कार्यों का किया निरीक्षण
दैनिक ए एल सी नवभारत उजाला/ संवाददाता
स्योहारा। ग्राम पंचायत फैजुल्लापुर में विकास एवं निर्माण कार्यों में कथित अनियमितताओं और मनरेगा कार्यों में धांधली के आरोपों की बुधवार को जांच की गई। जिलाधिकारी बिजनौर से की गई शिकायत के बाद गठित जांच टीम ने पंचायत से संबंधित अभिलेखों को खंगालने के साथ ही मौके पर कराए गए विकास कार्यों का निरीक्षण किया।
ग्राम पंचायत के ग्रामीणों सुरेंद्र कुमार, अब्दुल जब्बार अंसारी, मोहम्मद इस्माईल, कफील अहमद, अजयपाल सिंह, राजीव कुमार भंडारी और दिव्यांशु चौहान आदि ने जिलाधिकारी को शिकायती पत्र देकर पंचायत में कराए गए विकास एवं निर्माण कार्यों की जांच की मांग की थी। शिकायत में निवर्तमान ग्राम प्रधान/प्रशासक के कार्यकाल में मनरेगा योजनाओं में कथित अनियमितता, सीसी निर्माण में मानकों के अनुरूप सामग्री का प्रयोग नहीं करने समेत कई आरोप लगाए गए थे।


ग्रामीणों ने पंचायत घर के कमरों में आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों के ठहरने तथा सामुदायिक शौचालय की सीट टूटी होने का भी आरोप लगाया था। शिकायत के आधार पर 12 अगस्त को जांच निर्धारित की गई थी।
जांच के दौरान टीम ने ग्राम पंचायत के विकास एवं निर्माण कार्यों से संबंधित अभिलेख, माप पुस्तिकाएं, वाउचर, मूल पत्रावलियां, शौचालयों की सूची, उन पर हुए व्यय का विवरण, सार्वजनिक शौचालय से संबंधित अभिलेख तथा वर्षवार प्राप्त, व्यय और अवशेष अनुदान की जानकारी का अवलोकन किया।
जिला गन्ना अधिकारी बीके पटेल और ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के अवर अभियंता प्रवीण कुमार ने शिकायतकर्ताओं तथा ग्राम पंचायत से जुड़े अधिकारियों की मौजूदगी में जांच की। टीम ने अभिलेखों के मिलान के साथ मौके पर कराए गए कार्यों की स्थिति भी देखी। जांच पूरी होने के बाद टीम अपनी रिपोर्ट जिलाधिकारी बिजनौर को सौंपेगी। इस दौरान ग्राम प्रधान डॉ. उमेर अंसारी, पंचायत सचिव माधव राणा समेत अन्य संबंधित लोग मौजूद रहे।
